भारतीय नागरिकता संविधान के भाग II (अनुच्छेद 5–11) और नागरिकता अधिनियम 1955 द्वारा निर्धारित है। कानून यह तय करता है कि नागरिकता कैसे प्राप्त या समाप्त होती है। हाल के वर्षों में बदलावों के चलते यह विषय व्यापक चर्चा में है।
BulletsIn
- नागरिकता संविधान के भाग II (अनुच्छेद 5–11) में निर्धारित
- नागरिकता अधिनियम 1955 से नियम स्पष्ट होते हैं
- जन्म, वंश, पंजीकरण – तीन प्रमुख तरीके
- 1986, 1992, 2003, 2005, 2019 में कानूनों में संशोधन
- अनुच्छेद 5: 26 नवम्बर 1949 को भारत में निवासियों को नागरिकता
- अनुच्छेद 6–7: पाकिस्तान से आने-जाने वालों के नियम
- अनुच्छेद 9: विदेशी नागरिकता लेने पर भारतीय नागरिकता समाप्त
- OCI/PIO – भारतवंशियों के लिए विशेष कार्ड, सीमित अधिकार
- OCI को वीज़ा-मुक्त यात्रा, आर्थिक व शैक्षणिक समानता
- भारत में दोहरी नागरिकता नहीं, OCI को मतदान का अधिकार नहीं





What do you think?
It is nice to know your opinion. Leave a comment.