अफगानों और तुर्कों ने नई सैन्य रणनीतियों, घुड़सवार युद्ध प्रणाली, घेराबंदी तकनीकों और बारूद आधारित हथियारों के माध्यम से मध्यकालीन भारत की युद्ध पद्धति को बदल दिया। BullestIn अफगान और तुर्क सेनाएं तेज गति से चलने वाली घुड़सवार टुकड़ियों पर आधारित थीं, जिससे वे युद्धभूमि में तेजी से आक्रमण और रणनीतिक संचालन कर पाती थीं।













