मंदिर प्रवेश आंदोलन का उद्देश्य निम्न जातियों को मंदिरों में प्रवेश का अधिकार दिलाना था। यह 20वीं सदी की शुरुआत में केरल से शुरू हुआ और पूरे भारत में फैल गया। सत्याग्रह, उपवास और जन आंदोलनों के माध्यम से यह आंदोलन जातीय भेदभाव के खिलाफ एक मजबूत कदम बना। BulletsIn आंदोलन का लक्ष्य: सभी जातियों




