भारतीय शेयर बाजार ने सितंबर के बाद गिरावट देखी, जिससे नवंबर मध्य तक निवेशकों को लगभग आधा ट्रिलियन का नुकसान हुआ। बीएसई सेंसेक्स 10% गिरा, क्योंकि विदेशी निवेशकों की बिकवाली और कमजोर कॉर्पोरेट परिणामों ने बाजार पर असर डाला।
BulletsIn
- सेंसेक्स 984 अंक (1.3%) गिरकर बुधवार को 77,691 पर बंद हुआ।
- बीएसई का बाजार पूंजीकरण सितंबर शिखर से ₹48.5 लाख करोड़ (~$620 बिलियन) घटा।
- 27 सितंबर को बाजार पूंजीकरण ₹478 लाख करोड़ (~$5.7 ट्रिलियन) के शिखर पर था।
- मौजूदा बाजार पूंजीकरण ₹429.5 लाख करोड़ (~$5.1 ट्रिलियन) पर पहुंचा।
- अमेरिकी चुनाव की अनिश्चितताओं के कारण विदेशी निवेशकों ने जमकर बिकवाली की।
- डोनाल्ड ट्रंप की अप्रत्याशित जीत ने बाजार की अस्थिरता बढ़ाई।
- कमजोर कॉर्पोरेट परिणाम और 14 महीने की उच्च महंगाई दर ने निवेशकों की धारणा पर चोट पहुंचाई।
- अक्टूबर 1 से अब तक एफपीआई ने ₹1.2 लाख करोड़ (~$14 बिलियन) के शेयर बेचे।
- डीआईआई ने ₹1.3 लाख करोड़ का निवेश किया, लेकिन बाजार स्थिर नहीं कर पाए।
- निवेशक अभी भी सतर्क, ट्रंप की नीतियों और उनके वैश्विक प्रभाव पर नजर।





What do you think?
It is nice to know your opinion. Leave a comment.