एक नए अध्ययन ने चेतावनी दी है कि अनियंत्रित जलवायु परिवर्तन से 2100 तक प्रति व्यक्ति वैश्विक आय में 24% तक गिरावट हो सकती है। कैम्ब्रिज विश्वविद्यालय के शोधकर्ताओं ने आर्थिक और जलवायु परिदृश्यों का विश्लेषण कर बताया कि सभी देश—अमीर या गरीब—इस संकट से प्रभावित होंगे। अध्ययन ने उत्सर्जन घटाने और जलवायु अनुकूलन पर त्वरित कदम उठाने की मांग की।
BulletsIn
- जलवायु परिवर्तन से 2100 तक वैश्विक प्रति व्यक्ति आय में 24% गिरावट संभव
- अध्ययन कैम्ब्रिज के अर्थशास्त्रियों कामिअर मोहद्देस, मेहदी रैसी ने किया
- मौजूदा तापमान वृद्धि जारी रही तो 10–11% नुकसान
- जलवायु अस्थिरता से नुकसान 12–14% तक बढ़ सकता
- अगर 2015 में गर्मी रुकती तो नुकसान 20–24% कम होता
- गरीब देशों को 30–60% अधिक आर्थिक क्षति का खतरा
- कृषि, विनिर्माण, परिवहन, व्यापार क्षेत्र प्रभावित होंगे
- ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन घटाना ज़रूरी
- मज़बूत बुनियादी ढाँचा नुकसान घटा सकता पर रोक नहीं पाएगा
- पेरिस समझौता लक्ष्य पाने से आर्थिक लाभ संभव





What do you think?
It is nice to know your opinion. Leave a comment.