न्यायपालिका की गरिमा बनाए रखने के लिए बने अवमानना कानून पर अब पुनर्विचार की मांग तेज़ है। कई हालिया घटनाओं ने इस पर बहस को जन्म दिया है कि क्या यह कानून न्याय की रक्षा से अधिक अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता को सीमित कर रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि अब इस कानून में संतुलन




