मंदिर प्रवेश आंदोलन 1920–1940 के दशक में जातिगत भेदभाव को समाप्त करने और वंचित वर्गों को धार्मिक अधिकार दिलाने के उद्देश्य से शुरू हुआ। BulletsIn मंदिर प्रवेश आंदोलन का मुख्य उद्देश्य दलितों और वंचित जातियों को हिंदू मंदिरों में प्रवेश और धार्मिक समानता का अधिकार दिलाना था। गुजरात में यह आंदोलन मुख्यतः गांधीवादी सामाजिक सुधार,





