अप्रैल में भारत के निजी क्षेत्र की वृद्धि दर 8 महीने के उच्चतम स्तर पर पहुंची, जिसका मुख्य कारण विदेशी मांग में तेज उछाल रहा। HSBC फ्लैश इंडिया कंपोजिट PMI 60.0 पर पहुंचा, जिससे विनिर्माण और सेवा दोनों क्षेत्रों में मजबूती दिखी। हालांकि, सेवाओं में धीमी गति से व्यावसायिक आत्मविश्वास थोड़ा कमजोर पड़ा। BulletsIn अप्रैल




