सेवानिवृत्त सुप्रीम कोर्ट न्यायाधीश अभय एस ओका ने कहा कि जब तक हर नागरिक अपनी जिम्मेदारी नहीं समझेगा, प्रदूषण पर काबू नहीं पाया जा सकता। दिल्ली में गंभीर वायु प्रदूषण के बीच उन्होंने कहा कि पर्यावरण की रक्षा केवल कार्यकर्ताओं या अदालतों पर नहीं छोड़ी जा सकती। यह संविधान से जुड़ा नागरिक कर्तव्य है।




