भक्ति आंदोलन 7वीं से 17वीं सदी के बीच भारत में उभरा और धार्मिक व सांस्कृतिक जीवन को बदला। यह जातिवाद, कर्मकांड और जटिल दर्शन के विरोध में जन्मा। सभी वर्गों के संतों ने प्रेम, समानता और सरल भक्ति का प्रचार किया। आंदोलन ने समाज सुधार, स्थानीय साहित्य और आध्यात्मिक समानता को बढ़ावा दिया। BulletsIn 7वीं




