संघ सरकार ने 3 दिसंबर 2024 को लोकसभा में बताया कि SC/ST (अत्याचारों की रोकथाम) अधिनियम के तहत मामलों की बढ़ती संख्या का कारण जागरूकता, व्यापक प्रचार और पुलिसकर्मियों के प्रशिक्षण में सुधार है। राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) के आंकड़े बताते हैं कि 2022 में 67,000 से अधिक मामले दर्ज हुए, जो 2013 के













