भारत के उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन ने 9 जनवरी 2026 को नई दिल्ली में भारत क्लाइमेट फोरम 2026 का उद्घाटन संबोधन दिया। उन्होंने कहा कि जलवायु कार्रवाई को विकास पर रोक मानने की बजाय समावेशी वृद्धि, ऊर्जा सुरक्षा और भविष्य-के-अनुकूल अर्थव्यवस्था के अवसर के रूप में देखना चाहिए। उन्होंने भारत की सभ्यतागत प्रकृति और जलवायु प्रतिबद्धताओं पर भी प्रकाश डाला।





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