भारत ने वैश्विक नवाचार सूचकांक 2025 में उल्लेखनीय सुधार दर्ज करते हुए 2019 के 66वें स्थान से 38वां स्थान हासिल किया है।
BulletsIn
-
भारत वैश्विक नवाचार सूचकांक 2025 में 2019 के 66वें स्थान से उछलकर 38वें स्थान पर पहुंच गया।
-
आर्थिक सर्वेक्षण ने विनिर्माण, अनुसंधान, स्टार्टअप और तकनीक से जुड़ी सरकारी पहलों को इस सुधार का प्रमुख कारण बताया।
-
उत्पादन से जुड़ी प्रोत्साहन योजना ने स्मार्टफोन और इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण को बढ़ावा देने में अहम भूमिका निभाई।
-
सितंबर 2025 तक पीएलआई निवेश दो लाख करोड़ रुपये से अधिक हो गया और 18.70 लाख करोड़ रुपये का उत्पादन हुआ।
-
पीएलआई योजना से प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से 12.60 लाख से अधिक रोजगार सृजित हुए।
-
नवाचार में भारत निम्न-मध्यम आय वाले देशों में पहले और मध्य व दक्षिण एशिया क्षेत्र में शीर्ष स्थान पर है।
-
बेंगलुरु, दिल्ली और मुंबई वैश्विक स्तर पर शीर्ष 50 नवाचार क्लस्टरों में शामिल किए गए।
-
भारत 2024 में ट्रेडमार्क में चौथे, पेटेंट में छठे स्थान पर रहा और सेमीकंडक्टर परियोजनाओं को मंजूरी दी।





What do you think?
It is nice to know your opinion. Leave a comment.